ऐसा करके वे माता से शांति की प्रार्थना कर सकते हैं. मिट्टी के बर्तन में जौ के बीज बोएं और नवमी तक प्रति दिन पानी का छिड़काव करें। इस तरह नवरात्रि के पूरे दिनों में मां की आराधना करें। यह समय आत्मज्ञान और ईश्वर के करीब जाने का अवसर प्रदान https://freekundali45665.blogunok.com/39692237/a-simple-key-for-ke-saath-hi-kriya-hoti-hai-unveiled